चुनाव जीतते ही आपा खो गए मुखिया जी के समर्थक, राइफल से दागी अंधाधुंध गोलियां

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जमुई: बिहार में जारी पंचायत चुनाव के बीच जीत की खुशी में नेता और मुखिया जी खुलेआम कानून की धज्जियां उड़ा रहे हैं. बिहार के कई जिलों से लगातार ऐसी खबरें और वीडियो आ रही हैं जिसमें जीत की खुशी से लेकर वोट मांगने तक में बाहुबल दिखाने की कोशिश हो रही है. ऐसा ही एक वीडियो जमुई से हैं जहां जीत के मुखिया जी के समर्थक खुशी से मारे धड़ाधड़ गोलियां दाग रहे हैं.

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वीडियो जमुई जिले के सिकंदरा थाना के सबलबीघा गांव का है जहां पंचायत चुनाव जीतने के बाद निर्वाचित मुखिया की मौजूदगी में उसके समर्थक द्वारा हर्ष फायरिंग की जा रही है. फायरिंग का ये वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है. वायरल वीडियो में साफ दिख रहा है कि सिकंदरा प्रखंड के सबलबीघा पंचायत के नवनिर्वाचित मुखिया अंजनी कुमार मिश्र फूल माला पहने खड़े हैं और मुखिया के सामने ही उनका एक समर्थक दीपक दुबे जो सफेद शर्ट पहना हुआ है अपने लाइसेंसी राइफल से ताबड़तोड़ फायरिंग कर रहा है.

जानकारी के अनुसार लाइसेंसी हथियार से फायरिंग करने वाले दीपक दुबे पटना का एक बिल्डर है जबकि इस तरह के मौके पर किसी भी हथियार से गोली चलाना अवैध और गैर कानूनी है. जानकारी के अनुसार 26 सितंबर को मतगणना में चुनाव परिणाम आने के बाद मुखिया के समर्थक अपना आपा खो बैठे और देर रात तक अपने गांव में निकले जुलूस में मुखिया के सामने ही राइफल से फायरिंग होती रही. बताया यह भी जा रहा है कि मुखिया के समर्थकों द्वारा निवर्तमान मुखिया रंजन कुमार के घर पर लगे पोस्टर पर गोबर फेंका गया और वहां भी जाकर कई राउंड गोलियां चलाई गई.

चुनाव जीतने के बाद मुखिया समर्थक के द्वारा हर्ष फायरिंग का वायरल वीडियो के बारे में जानकारी मिलने के पुलिस कार्रवाई शुरू कर दी है. वायरल वीडियो की सत्यता की जांच करते हुए सिकंदरा थाना अध्यक्ष जितेंद्र देव दीपक ने खुद के बयान पर केस दर्ज किया है. पंचायत चुनाव के पहले चरण में जमुई जिले के सिकंदरा प्रखंड में 24 सितंबर को मतदान हुआ जिसका मतगणना 26 सितंबर को संपन्न हुआ था.

जमुई एसपी प्रमोद कुमार मंडल ने बताया कि सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो के जांच के बाद निर्वाचित नवनिर्वाचित मुखिया अंजनी कुमार मिश्रा, दीपक दुबे और ओली मियां पर प्राथमिकी दर्ज कराई गई है. इन पर धारा 188 एवं शस्त्र अधिनियम के तहत आरोपित किया गया है. एफआईआर दर्ज करने के बाद फायरिंग करने वाले शख्स का लाइसेंस रद्द करने की भी प्रक्रिया शुरू कर दी गई है.