छपरा: कुष्ठ बस्ती के शत-प्रतिशत लोगों ने “रक्षा कवच” अपनाया, अब सेकेंड डोज का कर रहे इंतजार

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  • अपने स्वास्थ्य के प्रति जागरूक हैं कुष्ठी बस्ती के लोग
  • स्वास्थ्य विभाग की टीका एक्सप्रेस बनी सार्थक
  • शहर के राजेंद्र स्टेडियम स्थित कुष्ठ बस्ती पर विभाग की विशेष नजर

छपरा: जीवन का “रक्षा कवच” यानि कोविड टीकाकरण अभियान स्वास्थ्य विभाग के द्वारा चलाया जा रहा है। स्वास्थ्य विभाग का प्रयास है कि हर वर्ग के लोगों का शत-प्रतिशत टीकाकरण किया जाये और विभाग का प्रयास रंग भी ला रहा है। शहर के राजेंद्र स्टेडियम स्थित कुष्ठ बस्ती में करीब 250 से अधिक लोग रहते हैं। यहां के लोग अशिक्षित होने के बावजूद भी एक मिसाल पेश की है। इस बस्ती का लगभग हर कोई कोविड टीका का पहला डोज ले चुका है, कुछ लोग दोनों डोज भी ले चुके हैं। कुछ लोगों को सेकेंड का इंतजार है। यहां के लोगों का टीकाकरण करना इतना आसान नहीं था। स्वास्थ्य कर्मियों को काफी चुनौतियों का सामना करना पड़ा था। यहां के लोगों में शिक्षा का अभाव है जिस कारण लोगों टीका को लेकर कई तरह की भ्रांतियां थी। जिसको दूर करने में स्वास्थ्य कर्मियों ने अपनी महत्वपूर्ण भूमिका का निवर्हन किया था।

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स्वास्थ्य विभाग की टीका एक्प्रेस हम सबके लिए बनी सार्थक:

हम लोगों अनपढ़ हैं। पढ़े लिखे नहीं हैं। लेकिन कोरोना संक्रमण के बारे में जानते हैं। टीकाकरण के बारे में ज्यादा जानकारी नहीं थी। लेकिन स्वास्थ्य विभाग ने हम जैसे मलिन बस्ती में रहने वाले लोगों के बारे में सोचा और टीका एक्सप्रेस की शुरुआत की। जिसके माध्यम से इस बस्ती में सभी लोगों को टीका लगा है। टीका एक्सप्रेस सार्थक सिद्ध हुआ है।
जमीना खातून, कुष्ठ बस्ती, छपरा

दोनों डोज करेगा हमारी रक्षा:

दोनों खुराक लगने के बाद यह टीका कोविड-19 के संक्रमण से हमें सुरक्षित रखेगा। सभी लोगों का टीका लग जाने से हम सभी कोविड-19 महामारी से मुक्त हो सकेंगे। हमने तो दोनों डोज ले ली है।
हरगेन राम, कुष्ठ बस्ती, छपरा

मुझे अब सेकेंड डोज का इंतजार है:

मैनें करीब दो माह पहले कोविड का टीका ले लिया है। पहला डोज लेने के बाद किसी तरह की परेशानी नहीं हुई थी। मन में डर था लेकिन सब अच्छा रहा। अब मुझे सेकेंड का इंतजार है। समय पूरा होने पर टीकाकरण केंद्र जाकर टीका लगाउंगी।

अख्तरी खातून, कुष्ठ बस्ती छपरा

अब सुरक्षित महसूस करती हूं मैं:

जब टीका नहीं लगा था तो मन में एक अलग सा डर था कि संक्रमित हो गये तो क्या होगा? लेकिन स्वास्थ्य विभाग की पहल मेरे घर पर हीं टीकाकरण हुआ। दोनों डोज लग चुकी है। मेरे परिवार में सभी ने टीका ले लिया है। अब मैं और मेरा परिवार सुरक्षित महसूस कर रहा है।

मालती देवी, कुष्ठ बस्ती, छपरा