देर रात चार घंटे तक जेल में भीषण छापेमारी, अधीक्षक से शो कॉज

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siwan mandalkara

परवेज अख्तर/सिवान :- रविवार को जेल में दो बंदियों के बीच मारपीट और एक बंदी द्वारा चाकू से दूसरे की गर्दन काटने के मामले के बाद रविवार की देर रात एसडीओ अमन समीर और एएसपी कांतेश मिश्रा के नेतृत्व में छापेमारी की गई। छापेमारी के दौरान नगर थाना, सराय ओपी, मुफ्फसिल और महादेवा ओपी के साथ पुलिस लाइन से महिला पुलिस बल के साथ जवानों को लाया गया था। रात के करीब दो बजे से सुबह के 3:45 बजे तक यह छापेमारी चलती रही। छापेमारी की सूचना मिलते ही पूरे जेल में हड़कंप मच गया।इस दौरान जिला प्रशासन ने कई आपत्तिजनक सामग्री को बरामद किया। छापेमारी के दौरान जेल के हर वार्ड की सघन जांच की गई। जांच के दौरान वार्ड से खैनी, ब्रांडेड कंपनी की घड़ी सहित कई अन्य सामग्री जब्त किए गए। छापेमारी के दौरान सभी बंदियों को बाहर कर दिया गया। इसके बाद उनके सामानों की गहनता से जांच की गई। जांच के दौरान कई आपत्तिजनक सामग्री बरामद की गई। इसके बाद सभी बंदी को बाहर निकाल दिया गया और इसके बाद वार्ड की तलाशी ली गई। वहीं महिला वार्ड में महिला पुलिस बल को भेजा गया। इस दौरान वार्ड संख्या 13 में बंद इलियास वारिस उर्फ मिंटू खां के बिस्तर के नीचे से पांच पृष्ठों में लिखा विभिन्न लोगों का मोबाइल नंबर,गांजा का चिलम, खैनी तीन पुड़िया, 11 चुनौटी, बीड़ी 1 पॉकेट, गुल 1 पुड़िया, 1 डिब्बा गुल, रेजर, छोटा कैंची, नेल कटर, स्क्रू ड्राइव, एडिक्सन कंपनी का 1 घड़ी सहित छह कंपनियों की घड़ी, बरामद की गई।

मंडलकारा अधीक्षक से मांग गया स्पष्टीकरण, घटना को बताया था आत्महत्या का प्रयास

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जेल में चाकू मारकर बंदी का गला काटने के मामले में जिलाधिकारी रंजीता ने जेल अधीक्षक राकेश कुमार से शो कॉज किया है। डीएम ने जिस पत्र के माध्यम से शो कॉज किया है उसमें यह साफ लिखा गया है कि जेल अधीक्षक द्वारा डीएम को इतनी बड़ी घटना होने के बाद भी कोई सूचना नहीं दी गई। मामले की जानकारी एडीएम द्वारा मिली। इतना ही नहीं जेल अधीक्षक से जब पूछताछ की गई तो उन्होंने इसे बंदी द्वारा आत्महत्या के प्रयास की बात बताई। जबकि घायल ने नगर थाना और एसडीएम के समक्ष लिखित आवेदन में इस बात को लिखा है कि वह शौचालय में जा रहा था तभी भरत सिंह नाम के बंदी ने उसके गले में चाकू से हमला कर दिया। वहीं डीएम ने अपने पत्र में यह भी अंकित किया है कि जेल अधीक्षक ने जानबूझ कर मामले की जानकारी उच्च अधिकारियों को नहीं दी तथा तथ्य छुपाकर गुमराह करने का प्रयास किया गया है। डीएम ने पत्र प्राप्ति के 24 घंटे के अंदर जेल अधीक्षक से जवाब मांगा है। जवाब नहीं मिलने पर दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।

कहां गया चाकू, सभी हैरान

जेल में बंद बंदी सद्दाम के आवेदन के अनुसार उसके गले में भरत सिंह ने चाकू से हमला किया था। अगर चाकू से हमला किया गया तो वह चाकू कहां है। क्योंकि सघन छापेमारी के बाद भी चाकू जिला प्रशासन को बरामद नहीं हुआ है। इससे यह साफ संकेत मिल रहा है कि चाकू को या तो कहीं छुपा दिया गया है या नहीं तो फिर जेल के अंदर जंगल झाड़ में फेंक दिया गया है।

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