गोपालगंज: परिवार नियोजन कार्यक्रम की डीएम ने की समीक्षा, बोले- इच्छुक लाभुकों को उपलब्ध कराएं बेहतर सेवा

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  • जिले में 27 जून से 10 जुलाई तक चल रहा दंपति संपर्क पखवाड़ा
  • पुरुष नसबंदी में लाएं तेजी, लोगों को करें प्रेरित
  • आशा द्वारा योग्य लाभार्थियों की सर्वे कराना सुनिश्चित करें
  • 27 जून से 10 जुलाई और 11 से 24 जुलाई तक चलेगा अभियान

गोपालगंज: समाहरणालय स्थित जिला एनआईसी कक्ष से जिलाधिकारी डॉ. नवल किशोर चौधरी की अध्यक्षता में परिवार नियोजन कार्यक्रम वर्चुअल समीक्षा बैठक आयोजित की गयी। जिसमें परिवार नियोजन कार्यक्रम के प्रत्येक बिन्दुओं पर जिलाधिकारी के द्वारा समीक्षा की गयी। इस दौरान डीएम डॉ. नवल किशोर चौधरी ने निर्देश दिया कि प्रत्येक सप्ताह जिला स्तर पर परिवार नियोजन कार्यक्रम की समीक्षा बैठक करना सुनिश्चित करें। इसके साथ हीं आशा कार्यकर्ताओं के द्वारा प्रत्येक गांवों में परिवार नियोजन के लिए योग्य दंपतियों का सर्वे कराएं और इसे रजिस्टर में दर्ज करें। डीएम ने कहा कि परिवार नियोजन की सेवाओं को उपलब्ध कराने में सुधार लाएं । अगर कोई व्यक्ति परिवार नियोजन के साधनों को अपनाता है तो उसे संपूर्ण सुविधा मुहैया कराना सुनिश्चित करें। बंध्याकरण व नसबंदी के दौरान विशेष सावधानी बरतें। साफ-सफाई का विशेष ध्यान रखें ताकि संक्रमण का खतरा नहीं रहें।जिसमें परिवार नियोजन कार्यक्रम को जन-समुदाय तक पहुंचाने के लिए विशेष रूप से चर्चा की गयी तथा पखवाड़ा के दौरान परिवार नियोजन के साधनों की उपलब्धता तथा लाभार्थियों के बीच वितरण सुनिश्चित कराने का निर्देश दिया गया। 11 जुलाई को विश्व जनसंख्या दिवस मनाने को लेकर कार्य योजना पर चर्चा की गयी। प्रतिवर्ष 11 जुलाई को मनाए जाने वाले विश्व जनसंख्या दिवस के मद्देनजर इस वर्ष 27 जून से 10 जुलाई तक और 11 जुलाई से 24 जुलाई तक दो चरणों में वर्ल्ड पॉपुलेशन डे (डब्ल्यूपीडी) कैंपेन आयोजित किए जाएंगे। इस वर्चुअल बैठक में सिविल सर्जन डॉ. योगेंद्र महतो, अपर मुख्य चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. कात्यानी कुमार मिश्र, डीपीएम धीरज कुमार, प्रभारी डीसीएम नीखत प्रवीन, केयर इंडिया के डीटीएल मुकेश कुमार सिंह, परिवार नियोजन समन्वयक अमित कुमार, डॉ दिनेश मौर्या समेत प्रखंडों से प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी, बीएचएम बीसीएम शामिल थे।

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दिन तय कर परिवार नियोजन सेवाओं को उपलब्ध कराएं

जिलाधिकारी ने कहा कि सप्ताह में कम से कम एक दिन परिवार नियोजन के लिए दिन तय किया जाये। जिस दिन संस्थान पर परिवार नियोजन की सभी सेवाएँ दी जा सके एवं उसका जिले स्तर से पर्यवेक्षण किया जाये एव उस तिथि को दी जानी वाली सेवाओं की संस्थानवार तुलना एवं समीक्षा की जानी चाहिए। एएनएम वार अन्तरा इंजेक्शन की उपलब्धि पर समीक्षा की जानी चाहिए।

अंतरा और आईयूसीडी इंजेक्शन के लिए शिविर आयोजित करें

डीएम ने कहा कि सभी एपीएचसी स्वास्थ्य उप-केंद्र में अंतरा इंजेक्शन और आईयूसीडी इंजेक्शन के लिए शिविर आयोजित करें। परामर्श के लिए परिवार नियोजन कार्नर सुविधा शुरू किया जाना चाहिए और प्रति पाली एक एएनएम की प्रतिनियुक्ति की जानी चाहिए। महिला बंध्याकरण के लिए प्रशिक्षित चिकित्सक के द्वारा कितना महिला बंध्यकरण किया गया इस डाटा पर समीक्षा की आवश्यकता है। उन्होने कहा कि परिवार नियोजन कार्यक्रम के प्रति जागरूकता के लिए गांव स्तर पर माइकिंग करायी जाये ताकि अधिक से अधिक लाभुकों तक सेवा पहुंचाया जा सके।

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