सिवान: सावन की छठी सोमवारी पर आज जय शिव, हर हर महादेव के उद्घोष से गूंजेंगे शिवालय

0
  • सुरक्षा को लेकर मजिस्ट्रेट के साथ पुलिस बल की हुई है तैनाती
  • महेंद्रनाथ व सोहागरा मंदिर में श्रद्धालुओं की सुविधा को ले विशेष व्यवस्था

परवेज अख्तर/सिवान: भगवान शिव की विशेष पूजा-अर्चना के रूप में मनाए जाने वाले सावन मास की छठी सोमवारी को लेकर तैयारी पूरी कर ली गई है। इस दिन सावन मास की त्रयोदशी भी होने के कारण इस साेमवारी का महत्व और बढ़ जाता है। इस दौरान शिवालयों में श्रद्धालुओं की अधिक भीड़ उमड़ने की उम्मीद की जा रही है। छठी सोमवार पर जलाभिषेक के लिए श्रद्धालुओं की भीड़ को देखते हुए प्रशासनिक अधिकारी पूरी तरह से अलर्ट है, वहीं मंदिर परिसर में पूजा सामग्री समेत अन्य सामानों की दुकानें सज गई हैं, वहीं मंदिर परिसर की साफ-सफाई भी कर ली गई है। मंदिर को झालरों से सजाया गया है। महादेवा पंचमुखी शिव मंदिर के पुजारी आचार्य वीरेंद्र पांडेय ने बताया कि सावन की सोमवारी के दिन त्रयाेदशी की तिथि होने के कारण इस दिन का अधिक महत्व बढ़ जाता है। आज के दिन शिवजी की पूजा करने से इंसान के सारे कष्टों से मुक्ति मिल जाती है और शिव भक्तों की सभी मनोकामना पूरी करते हैं।

विज्ञापन
pervej akhtar siwan online
WhatsApp Image 2023-10-11 at 9.50.09 PM
WhatsApp Image 2023-10-30 at 10.35.50 AM
WhatsApp Image 2023-10-30 at 10.35.51 AM
ahmadali
WhatsApp Image 2023-11-01 at 2.54.48 PM

जानकारी के अनुसार शहर के महादेवा पंचमुखी शिवमंदिर, फतेहपुर, स्टेशन रोड, मखदुम सराय, डाक बंगला रोड शिव मंदिर, भावनाथ मंदिर, श्रीनगर समेत विभिन्न मंदिरों के अलावा ऐतिहासिक सिसवन के मेहंदार स्थित महेंद्रनाथ मंदिर, गुठनी के साेहागरा धाम स्थित बाबा हंसनाथ मंदिर, दरौली के चकरी स्थित योगाश्रम सिद्धपीठ मंदिर, जीरादेई के अकोल्ही स्थित अनंतधाम मंदिर, मैरवा के हरिराम ब्रह्म मंदिर, रघुनाथपुर के जटहवा बाबा मंदिर, गंभीरार के रत्न बाबा मंदिर, बसंतपुर के लालबाबा मंदिर, भगवानपुर हाट के खैरवा शिवमंदिर, दारौंदा के रुकुंदीपुर स्थित दशानंद मंदिर, भीखाबांध शिव मंदिर, बगौरा स्थित गौरीशंकर बाबा शिव मंदिर के अलावा महाराजगंज, पचरुखी, हसनपुरा, बड़हरिया, गोरेयाकोठी, आंदर, नौतन, दरौली आदि मंदिरों में की साफ-सफाई व आकर्षक ढंग से सजावट की गई है। यहां शिव भक्त जलाभिषेक कर पूरी श्रद्धा-भक्ति के साथ बाबा भोलेनाथ की पूजा-अर्चना करेंगे। मंदिरों से लेकर घर में हर-हर महादेव एवं हर-हर, बम-बम का जयघोष होगा। सभी मंदिरों में जलाभिषेक के साथ ही संध्या बेला में शृंगार एवं महाआरती की व्यवस्था की गई है।